विधायक के खिलाफ वायरल हुआ पत्र

विधायक देते हाथ पैर तोड़ने ओर जान से मारने की धमकी वाला पत्र सोशल मीडिया पर वायलर
 अधिकारी मोन, 




 


(सुनील यादव)


तराना एन बी एच सी वेयर हाउस के द्वारा किसानों के गेंहु की फसल खरीदी में की जा रही घोर अनियमतता, लापरवाही, पीने के पानी तथा किसानो के लिए छाया की कोई व्यवस्था न होने की किसानो द्वारा लगातार की जा रही शिकायत के आधार पर एस डी एम दुबे को अवगत करवा कर तथा क्षेत्रीय प्रंबधक श्री परमार को साथ लेकर जब साला खेडी साइलो केन्द्र पर खरीदी व्यवस्था का जायजा लिया गया तो और भी कई अव्यवस्थाएं सामने आयी जिनको एसडीएम तथा श्री परमार के माध्यम से तथा शीघ्र दुरस्त करने के लिए किसान हित में कहा गया ।


लेकिन आज एक किसान विरोधी मानसिकता के व्यक्ति के द्वारा सत्ता के नेताओं के इशारे पर विधायक श्री परमार के किसान हितेषी कार्य को रोकने का प्रयास किया जा रहा है जबकि श्री परमार निरंतर क्षेत्र की जनता के लिए किसानों के लिए लडाई लडते आ रहे है और आगे भी निरंतर यह लडाई किसान हित में जारी रहेगी । 
ज्ञात हो कि श्री परमार द्वारा विगत दिनों उज्जैन में किसानों के हित में एक साकेंतिक धरना दिया था । और अगर किसान हितों का हनन हुआ तो आगे भी श्री पऱमार द्वारा यह लडाई जारी रहेगी ।
सत्तापक्ष के लोगों के इशारे पर इस प्रकार की गलत टिप्पणी तराना विधानसभा के हजारों किसानों का अपमान है और ये अपमान काँग्रेस का एक भी कार्यकर्ता सहन नहीं करेगा ।


विधायक के खिलाफ वायरल पत्र



भाजपा सरकार के इशारे पऱ फसल कटने के चालीस दिन बाद 12% नमी के नाम पर किसानों को जबरन चार चार दिन ट्रेक्टर लेकर खडे रख बेवजह परेशान किया जा रहा हैं, पीने के पानी की कोई व्यवस्था नहीं की जा रही है, उचित तौल भी नही किया जा रहा है । किसानों को अगर कोई भी परेशानी होती है तो हम आन्दोलन करने के लिए तैयार है ।


विधायक का जवाब


 प्रदेश सरकार से यह मांग करता हूं कि गेंहु खरीदी तथा अन्य सभी फसल खरीदी का दायरा बढाया जाये और किसान के खाते से कृषि ऋण लोन की राशि न काटी जाये, किसान हित में कोई भी अधिकारी कर्मचारी बाधा उत्पन्न न करे । साथ ही नमी के नाम पर किसानों को परेशान नहीं किया जाए :- महेश परमार विधायक तराना


यह जानकारी प्रदेश काँग्रेस कमेटी सचिव संजय यादव ने दी ।


अधिकारी का टालमटोल। जवाब
जब इस विषय पर तराना राजस्व अनुविभागीय (S D M) अधिकारी से दूरभाष पर चर्चा की तो उनका कहना था कि अभी मेरे पास लेटर नही आया है उस के आने के बाद देखते है और मामले  को  टाल दिया है ।